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Moral Stories in Hindi : चरवाहे लड़के को मिला झूठ बोलने का परिणाम, कभी झूठ नही बोलना चाहिए Moral Stories in Hindi पढ़िए

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Moral Stories in Hindi : दोस्तों, आज हम आपके लिए एक नई नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) लेकर आए हैं। यह नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) आपको जरूर पसंद आएगी। इस नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) के माध्यम से हम आज बताएँगे की हमें कभी भी झूठ क्यों नही बोलना चाहिए।





यह नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) हमें सिखाती है, की झूठ बोलने का क्या परिणाम हो सकता है।  अगर आप भी कभी झूठ बोलते हैं, तो अब झूठ बोलना बंद कर दीजिए। नही तो कुछ समय बाद जब आप सच बोलेंगे तो कोई भी आपका यक़ींन नही करेगा और आपको बहुत नुक़सान होगा।

Moral Stories in Hindi Charwaha Ladka
Moral Stories in Hindi Charwaha Ladka

आइए इस नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) को पढ़कर जानते हैं, की चरवाहे लड़के के साथ क्या हुआ, जो उसे जीवन भर याद रहेगा और अब वो कभी भी झूठ नही बोलेगा।

आइए शुरू करते हैं नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) : चरवाहे लड़के को मिला झूठ बोलने का परिणाम

नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) : एक समय की बात है, जंगल के निकट एक गाँव था, जिसका नाम हकीमपुर था। उस गाँव में एक चरवाहा लड़का अपने परिवार के साथ हँसी-ख़ुशी रहा करता था। उस लड़के का नाम अयान था। वह प्रतिदिन अपनी बकरियों को जंगल में चराने ले जाता और शाम को सूरज ढलने तक वापस अपने घर आ जाता था। इस नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) में वह लड़का प्रतिदिन यह काम ख़ुशी-ख़ुशी करता था।




लेकिन नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) को पढ़ने के बाद हमें पता चलेगा की उस लड़कों की यह ख़ुशी उसके झूठ बोलने की वजह से ग़ायब हो जाती है और फिर वह सिर्फ़ रोता रहता है।


आइए जानते हैं नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) में आगे क्या हुआ ? कैसे उस लड़के को उसके झूठ बोलने का बुरा परिणाम मिला। आइए जानते हैं अयान के साथ आगे क्या हुआ?


इस नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) में बताया गया कि एक दिन अयान अपने बकरियों को लेकर जंगल चराने गया था। उस दिन अयान जंगल में अपने कुत्ते के साथ खेल रहा था और उसकी बकरियाँ चर रही थीं। अयान ने देखा कि गाँव की कई बकरियाँ भी चर रही हैं और उसकी सभी बकरियाँ भी। और गाँव वाले पहाड़ी के पास ही अपने खेतों पर काम कर रहे थे। यह देखकर उसके मन में अब एक झूठ बोलने का विचार आया ताकि वह झूठ बोल कर लोगों को वहाँ बुला सके। और 


नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) कहती है की अयान देखना चाहता था, की उसके झूठ बोलने पर गाँव वाले कैसी प्रतिक्रिया देते हैं और क्या वो लोग यहाँ आते हैं की नही। यह जानने के लिए अयान ने ज़ोर ज़ोर से ‘भेड़िया-भेड़िया’ चिल्लाया।


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अयान के जोर ज़ोर से ‘भेड़िया-भेड़िया’ चिल्लाने की वजह खेतों में काम करने वाले जिन लोगों तक आवाज़ गयी उन्होंने सोचा भेड़िया आया होगा जो अयान को नुक़सान पहुँचा सकता है और बकरियों को खा सकता है। इसलिए खेतों में काम करने वाले लोगों ने जोर ज़ोर से आवाज़ देकर गाँव के बाक़ी लोगों को बुलाया और फिर सब उस पहाड़ की तरफ़ दौड़ कर गए ताकि अपनी बकरियों और अयान की भेड़ियों से रक्षा की जा सके।


इस नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) में आगे क्या होता है? क्या गाँव वालों को पहाड़ में भेड़िया मिलते हैं? क्या गाँव वाले भेड़ियों से अपनी बकरियों और अयान की रक्षा कर पाते हैं? यह जानने के लिए नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) को आगे पढ़िए।


गाँव वाले जब पहाड़ पर अयान के पास पहुँचते हैं, तो उन्होंने देखा की उनकी बकरियाँ चर रही हैं और अयान अपने कुत्ते के साथ खेल रहा है। यह देख कर सभी लोग अयान से पूछें की भेड़िया कहा है ? तब अयान ने बताया की उसने तो मज़े के लिए भेड़िया – भेड़िया चिल्लाया था, यहाँ कोई भेड़िया नही है।


अयान की यह बात सुन कर गाँव वाले ग़ुस्से से लाल हो जाते हैं और अयान को चेतावनी दी की दोबारा वह ऐसा नही करे, नही तो कोई उसकी बात पर यक़ींन नही करेगा और अगर कभी सच भी बोला तो कोई उसकी बात नही मानेगा। फिर अयान को बुरा-भला कहके वापस अपने गाँव चले जाते हैं। लेकिन अयान उन सबकी बात सुन कर सिर्फ़ मुस्कुराता रहा और कुछ नही बोला।


इस नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) के अनुसार अयान ने एक दिन और भेड़िया-भेड़िया चिल्लाया और उसकी आवाज़ सुन कर फिर से गाँव वाले पहाड़ में पहुँच गए। फिर उनको पता चला की अयान झूठ बोल रहा था।

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कुछ दिन ऐसे ही बीतते गए अयान जंगल (पहाड़) में अपनी बकरियों को ले जाते और वहाँ पर अपने कुत्ते के साथ खेलता और शाम को अपनी बकरियों को लेकर घर आ जाता था।


एक दिन अयान जंगल अपनी बकरियों को लेकर जाता है और अपने कुत्ते के साथ जंगल में खेल रहा था। तभी उसे भेड़ियों का झुंड दिखाई दिया। भेड़ियों का झुंड देखकर अयान ज़ोर ज़ोर से चिल्लाता है – ‘भेड़िया – भेड़िया, बचाओ – भेड़िया……’ । ऐसे ही चिल्लाता रहता है। उसकी चिल्लाने की वजह पहाड़ के काम काम कर रहे गाँव वाले भी सुनते हैं, लेकिन गाँव वाले फिर से इसे अयान का मज़ाक़ समझ कर कोई प्रतिक्रिया नही देते हैं। इसलिए कोई भी अयान की मदद करने नही आया।


जब शाम हुई तो अयान अपनी बकरियों के साथ घर वापस नही आया था। वह जंगल में बैठे बैठे रो रहा था। अयान के घर वापस ना आने की वजह से उसके परिवार के सब लोग परेशान हो जाते हैं और गाँव वालों को यह बात बताते हैं।


नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) के अनुसार गाँव वाले उसके परिवार के साथ मिलकर अयान की खोज में जंगल की तरफ़ जाते हैं। जंगल में काफ़ी खोज बिन के बाद गाँव वालों को अयान दिख जाता है लेकिन उसकी कई बकरियाँ नही दिखाई देती और उसका कुत्ता ख़ून से लथपथ तड़प रहा है। जंगल में अयान रोता हुआ बैठा था।


जब गाँव वालों ने अयान से पूछा तो – आयन ने रोते हुए बताया भेड़ियों का झुंड आया था। भेड़ियों का झुंड उसकी कई बकरियों को मार कर खा गया, उसका कुत्ता भेड़ियों से लड़ते हुए ज़ख़्मी हो गया और अब चल नही पा रहा है।


तब गाँव वालों को एहसास होता है की आज अयान झूठ नही बोल रहा था, बल्कि सच बोल रहा था लेकिन किसी ने उसकी बात पर यक़ींन नही किया जिससे यह दुर्घटना हो गई।


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तब लोगों ने अयान को समझाया की झूठ बोलने का क्या अंजाम होता है। आज तुम्हें पता चल गया होगा। इसलिए अब कभी झूठ मत बोलना। यह सुन कर अयान को अपनी ग़लती का एहसास होता है और वो कभी भी झूठ ना बोलने की प्रतिज्ञा करता है। फिर सब लोग अयान की बाक़ी बकरियों, अयान और उसके ज़ख़्मी कुत्ते को लेकर वापस गाँव आ जाते हैं।

 

नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) से हमें क्या सीखने को मिला

इस नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) से हमें सीखने को मिलता है की कभी भी झूठ नही बोलना चाहिए। नही तो जब हम सच बोलेंगे तो कोई यक़ींन नही करेगा और हमें बहुत नुक़सान होगा।


दोस्तों, अभी आपने एक बढ़िया नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) पढ़ी। यह नैतिक कहानी (Moral Story in Hindi) आपको कैसी लगी, कमेंट करके हमें जरूर बताएँ। आशा करते हैं की आपको हमारी नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) पसंद आई होगी। अगर आपको यह कहानी पसंद आई हो तो इसे अपने दोस्तों के साथ सोशल मीडिया जैसे की facebook), whatsapp में अपने दोस्तों के साथ ज़रूर शेयर करें, ताकि वो भी एक बढ़िया नैतिक कहानी (Moral Stories in Hindi) पढ़ सकें।


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