Panchatantra Stories in Hindi – Lallu The Crocodile ॰ लल्लू मगरमच्छ पंचतंत्र की कहानी हिंदी में

लल्लू, मगरमच्छ बहुत ऊब गया था। वह खेलने के लिए दोस्तों की तलाश में था। उसे कोई नहीं मिला। तभी उसने देखा कि एक हाथी नदी में जा रहा है। लल्लू ने सोचा – आह, उसे पानी में खींचने में मज़ा आएगा।

यह बहुत ख़ुश था। हाथी गज्जू अपनी पीठ पर पानी के छींटे मारना चाहता था। उसने अपनी सूंड में पानी भरा और उसे अपनी पीठ पर उडेल दिया। यह बहुत अच्छा है, उसने मन ही मन सोचा।

Panchatantra Stories in Hindi - Lallu The Crocodile
Panchatantra Stories in Hindi – Lallu The Crocodile

तभी उसे लगा कि कोई उसकी टांग खींच रहा है। उसने अपना पैर वापस खीचने की कोशिश की लेकिन वह उसे खींच नहीं पा रहा था। उसे धारा में घसीटा जा रहा था। तभी उन्होंने मगरमच्छ को अपनी टांग खींचते हुए देखा। अब पूरी तरह से भयभीत होकर वह चिल्लाने लगा, ‘मदद करो, मदद करो।

लल्लू हैरान रह गया। उसे लग रहा था कि वह कोई नुकसान नहीं पहुँचा रहा है, वह केवल हाथी के पैर को खींच कर खेल रहा था। वह क्यों चिल्ला रहा था? लल्लू ने सोचा।

मंगू, बंदर एक आम के पेड़ के ऊपर बैठ कर उस धारा में लल्लू का नाटक देख रहा था। उसने देखा कि गज्जू दर्द में था। उसने सोचा कि उसे कुछ करना चाहिए। उसने बड़ा सा आम उठाया और मगरमच्छ पर फेंक दिया।

लल्लू ने अपनी आँखों के कोने से देखा, बड़ा आम उसकी ओर आ रहा है। वह हमेशा आम का स्वाद लेना चाहता था। उसने एक बार पास के एक आम के पेड़ पर चढ़ने की कोशिश भी की थी, लेकिन नीचे गिरते ही वह वहाँ से लौट आया था। अब, यहाँ आम आ रहा है! उसने ऊंची छलांग लगाई और आम को अपने जबड़ों में पकड़ लिया!

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गज्जू हाथी ने राहत भारी साँस ली कि मगरमच्छ ने उसका पैर छोड़ दिया था, जल्दी ही वह धारा से निकल कर बाहर आ गया। उसने बंदर को धन्यवाद दिया और निकल गया। मंगू ने मगरमच्छ को आम को खाते देखा।

बंदर ने मगरमच्छ से पूछा – एक और आम चाहिए क्या?

मगरमच्छ को लगा कि उसकी पत्नी भी रसीले आम खाना पसंद करेगी। तो, उसने हाँ में सिर हिलाया। बंदर ने एक और आम फेंका जिसे मगरमच्छ ने पकड़ लिया और तैर कर अपने घर की ओर चला गया।

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